आमीन वारसी -
कोतमा - नगर पालिका अंतर्गत वार्ड नं 8 निवासी राम चरण साहू पैर से विकलांग एवं गरीब है जिसकी सुध लेने वाला कोई नही है ! वैसे तो नगर कोतमा सहित समूचे विधानसभा क्षेत्र एक से बढ़कर एक विकास पुरुष नेताजनप्रतिनिधि है लेकिन सिर्फ शोसल मीडिया एकाउंट फेसबुक वाटशप पर है धरातल पर कोई नही है ! अगर कोई जिम्मेदार नेता सांसद विधायक मंत्री होते और अपनें नगर अपनें क्षेत्र वासियों के लिए कुछ कार्य करतें शासन द्वारा चलाई जा रही जनकल्याण कारी योजनाओं का लाभ आमजन तक पहुंचाते तो शायद रामचरण जैसे गरीबों को शासन की जनकल्याण कारी योजनाओं से वंचित नही रहना पड़ता ! आज कोतमा वार्ड नं 8 निवासी रामचरण साहू ने सुबह मंत्री दिलीप जायसवाल जी को फोन लगाकर मंत्री जी से कहा कि श्रीमान जी क्या मेरे मरने के बाद मुझे साइकिल मिलेगी ये सुनकर मंत्री दिलीप जायसवाल जी ने एक बार फिर आश्वासन दें दिया कि जल्द ही साइकिल मिल जाएगी ! बता दें कि रामचरण साहू पैर से विकलांग है और उसका कोई सहारा नही है भिक्षा मांगकर अपना जीवन यापन कर रहा ! नगर में घूम घूम कर भिक्षा मांगकर खानें के लिए उसे बैटरीवाली साइकिल की आवश्यकता है !
वर्ष 2024 में कोतमा विधानसभा क्षेत्र के विधायक एवं राज्य मंत्री दिलीप जायसवाल जी से मिलकर अपनी पीड़ा बताई तो जिस पर मंत्री जी ने एक पत्र लिखा था नगर पालिका कोतमा को जिसे लेकर पीड़ित रामचरण साहू ने मंत्री दिलीप जायसवाल जी द्वारा दिए गए पत्र को नगर पालिका में जमा किया गया था ! लेकिन नगर पालिका परिषद द्वारा लगभग 2 साल बीत जानें के बाद भी मंत्री जी द्वारा दिए गए पत्र का पालन नही किया गया और ना ही गरीब रामचरण साहू की पीड़ा दिखाई दी ! पीड़ित रामचरण साहू के हालात देखने के बाद अब अगर ऐसे में कोतमा विधानसभा क्षेत्र का कोई जनप्रतिनिधि नेता विकास पुरुष होने और विकास करनें का दावा करता है तो उसे फर्जी और फेसबुकिया विकास पुरुष कहने में कोई हर्ज नही !