आमीन वारसी -
कोतमा - जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों ने जिस परशुराम भवन बनानें को लेकर जमकर वाहवाही लूट रहें है कि कोतमा नगर को परशुराम भवन जैसी विकास की सौगात मिली है ! अगर सचमुच परशुराम भवन निर्माण कार्य को लेकर कोतमा नगर पालिका परिषद एवं अन्य जनप्रतिनिधि गंभीर है ! तो फिर परशुराम भवन निर्माण कार्य में चोरी और कमीशन खोरी क्यों !अगर चोरी कमीशन खोरी ही करना है तो फिर आम जनता को बरगलाने का क्या मतलब है कि हमने ये किया वो किया ! अरे भाई आप कोई भी निर्माण कार्य कराएं आम जनता से क्या लेना-देना आपका जो मन करें वही करें जनता ने आप लोगों को नगर की जिम्मेदारी सौंपी थी आपके जी में जो आए वो करिए आप सभी को कोई कुछ बोलने वाला नही क्योंकि नगर की जनता गहरी नींद में है लेकिन विकास ने नाम पर बेवजह वाहवाही बटोरने की कोई आवश्यकता नही !
12 की जगह 8 एम एम लगाया जा रहा -
बता दें कि परशुराम भवन बाउंड्री वॉल निर्माण कार्य में कालम बीम पर लगने वालें छड़ में किया जा रहा बड़ा खेला ! वर्क आर्डर अनुसार बाउंड्री वॉल में 12 एम एम का छड़ लगाया जाना था एक कालम पर 6 छड़ ! लेकिन जिम्मेदार जन प्रतिनिधियों और ठेकेदार की कमीशन खोरी वाली मिली भगत से 8 एम एम छड़ का उपयोग किया जा रहा वो भी 4 छड़ एक कालम पर अब कितना मजबूत बाउंड्री वॉल होगा इसका अंदाजा नगर की जनता खुद लगावें परशुराम भवन के नाम पर जमकर वाहवाही लूटनें वालों ने ही जमकर कमीशन ले लिया ! बता दें कि लगभग 70% बाउंड्री वॉल निर्माण कार्य पूर्ण हो चुका है वही जिम्मेदार अब तक मौन है ! अगर जिम्मेदारों ने परशुराम भवन निर्माण कार्य में कमीशन नही लिया है तो फिर ठेकेदार द्वारा कैसे मनमर्जी तरीके से उक्त निर्माण कार्य किया जा रहा ! और अगर मनमर्जी निर्माण कार्य किया जा रहा तो क्या जिम्मेदार द्वारा ठेकेदार पर कार्यवाही की जाएगी एवं उक्त बाउंड्री वॉल तुड़वा कर वर्क आर्डर अनुसार पुनः निर्माण कार्य कराया जाएगा !