आमीन वारसी -
कोतमा - विधानसभा क्षेत्र वासी समय रहतें जाग जाएं अन्यथा आनें वालें कुछ सालों बाद कोतमा विधानसभा क्षेत्र वासियों को बूंद बूंद पानी को तरसा देगा धन्ना सेठ अडानी ! जिस तरह अडानी ग्रुप तेजी से शासन प्रशासन की सह पर मनमाने तरीके से अपनें नवनिर्मित पावर प्लांट के लिए कोतमा विधानसभा क्षेत्र वासियों की जीवन दायिनी केवई नदी में एक मजबूत बाध बना रहा निश्चित ही आनें वालें दिनों में कोतमा विधानसभा क्षेत्र वासियों को केवई नदी का एक बूंद पानी भी नसीब नही होगा ! क्योंकि केवई नदी का पूरा पानी बाध के जरिए रोककर अडानी ग्रुप अपनें पावर प्लांट लें जाएगा तो फिर आम नागरिकों को पीने का पानी कैसे मिल पाएगा मेरी इस बात को गंभीरता पूर्वक जरा सोचकर देखें !
आज कोतमा विधानसभा क्षेत्र की नगर पालिकाएं ग्राम पंचायतें केवई नदी के किनारे पंप हाउस बनाकर पंप के जरिए नदी का पानी फिल्टर प्लांट लें जाकर पानी स्टोर करके फिल्टर करके हम लोगों तक पहुंचा रही है ! और जब केवई नदी में पानी ही नही रहेगा तो क्या स्टोर करेंगे और क्या फिल्टर होगा मतलब साफ है कोतमा विधानसभा क्षेत्र में पानी के लिए त्राहिमाम त्राहिमाम होगा !
जैसा कि हम सभी लोगों को मालूम है कि कोतमा नगर पालिका क्षेत्र बिजुरी नगर पालिका क्षेत्र सहित कोतमा विधानसभा क्षेत्र का चहुंमुखी विकास और युवाओं को रोजगार दिए जानें की बात कही जा रही लेकिन ऐसा विकास और रोजगार किस काम का जब क्षेत्र वासी पानी पीने के लिए मोहताज हो जाएं ! वैसे भी जो वादे सरकारें और कंपनी द्वारा किया जा रहा वो कभी पूरा नही होगा ! सिर्फ और सिर्फ देश प्रदेश की सरकारें और अडानी ग्रुप द्वारा कंपनी शुरू होने तक क्षेत्र की आमजनता को झूठा आश्वासन दिया जा रहा है ! जिस दिन कंपनी पूरी तरह से खुलकर तैयार होगी उस दिन क्षेत्र का हर युवा बेरोजगार अडानी कंपनी का बधवा मजदूर कहलाएगा ! कंपनी खुलेगी ज़रूर लेकिन कंपनी मैनेजमेंट जब चाहेगा जैसा चाहेगा अपनें मनमुताबिक काम कराएगा मनमुताबिक मजदूरी देगा साथ ही आए दिन कंपनी स्थानीय मजदूरों को बाहर का रास्ता दिखाएंगी ! और शासन प्रशासन सिर्फ मूकदर्शक बना रहेगा और अगर किसी भी व्यक्ति द्वारा अडानी ग्रुप या किसी भी कारपोरेटों का विरोध किया गया आंदोलन प्रर्दशन किया गया तो उसे चार डंडा मारकर तमाम विरोध करनें वालों पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा ! क्योंकि देश की सरकारें कारपोरेटों से अच्छा खासा कमीशन चंदा लेती है ! और जब अडानी जैसे कारपोरेटों से सरकारें चंदा लेगी तो शासन प्रशासन अडानी ग्रुप जैसी कंपनियों का क्या ही बिगाड़ सकती है ! मेरी इन बातों को कोतमा विधानसभा क्षेत्र की आमजनता खुद सोचकर देखें ! इसलिए समय रहतें कोतमा विधानसभा क्षेत्र की आमजनता एवं तमाम विपक्षी पार्टियां नेता कार्यकर्ता एकजुट होकर जीवन दायिनी केवई नदी में बनाएं जा रहें बाध का विरोध करें अन्यथा बाद में पानी की मोहताज रहनें को तैयार रहें !
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