Saturday, October 9, 2021

मंत्री जी द्वारा कहें गए कोतमा नगर विकास के वादे पर लगा ग्रहण


कोतमा- आमीन वारसी- बीते दिनों नगर पालिका द्वारा बहुचर्चित लोकार्पण कार्यक्रम रखा गया था जिसमें अनुपपूर रोड जंगल चौकी शुक्ला ढाबा से बसखली मोड़ तक पुरानी सड़क एन एच 78 डामरीकरण एवं बनिया टोला पुल से केरहा नाला पुल तक डिवाइडर सहित आर सीसी सड़क का लोकार्पण किया गया था जिसमें मंत्री जी बिसाहूलाल सिंह ने उक्त सड़क का लोकार्पण कर निर्माण कार्य को हरी झंडी दे दी थी।साथ ही आमजन एवं जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में मंच से मंत्री जी द्वारा यह भी कहा गया था कि कोतमा नगर से मेरा गहरा और पुराना नाता है कोतमा नगर में मैंने माध्यमिक शिक्षा पूरी की है कोतमा नगर के विकास में कभी कोई बाधा नही आने दूंगा।तो माननीय मंत्री जी को बताना चाहता हूँ कि नगर विकास कार्य में बाधा आ गया है आपके द्वारा किए गए एन एच 78 सड़क लोकार्पण करने के बाद निर्माण एजेंसी द्वारा फटाफट थूका लपेटी करते हुए करोड़ों रूपये का डामरीकरण का कार्य दो चार दिन में ही पूरा कर दिया गया फिर उसके बाद नगर के अंदर निर्माण एजेंसी द्वारा आर सी सी सड़क निर्माण कार्य में भी  थूका लपेटी करते हुए शुरू किया गया जिससे नगर की जिम्मेदार जनता ने निर्माण एजेंसी पर आपंति जताते कहा कि इस तरह जनता व शासन के पैसे का बंदरबाट न करें सड़क का निर्माण पूरी ईमानदारी व व्यवस्थित तरीके से करें।तो निर्माण एजेंसी आम जनता की बात का बुरा मान गई और सड़क निर्माण कार्य बंद कर दिया इस तरह आपके कोतमा नगर विकास के वादे पर ग्रहण लग चुका है। इसका जिम्मेदार और कोई नही निर्माण एजेंसी है।और मजे की बात यह है कि नगर के जिम्मेदार जनप्रतिनिधि मौन धारण किये हुए है आधी अधूरी सड़क का सुध लेने वाला कोई माई बाप नही है।और उक्त निर्माणाधीन सड़क से प्रतिदिन आवागमन करने वाले आम राहगीरों को परेशानियों का सामना करना पड़ा रहा पूछने पर निर्माण एजेंसी कहना है कि विद्युत विभाग द्वारा बिजली का पोल खसकाया जाएगा तो काम शुरू होगा और विद्युत विभाग का कहना है कि पोल सिप्टिंग में नगर पालिका व स्थानीय प्रशासन  सहयोग करेंगा तो काम शुरू होगा सभी एक दूसरे पर दोषा रोपण कर रहें है।अब सवाल यह उठता है कि क्या जनप्रतिनिधि सिर्फ  वाहवाही लूटने के लिए सड़क निर्माण कार्य का लोकार्पण कार्यक्रम रखें थें।तो क्या सड़क निर्माण करने से पहले जनप्रतिनिधि व निर्माण एजेंसी ने कोई प्लानिंग नही की थी।कुछ ऐसा ही मालूम होता है अगर निर्माण एजेंसी नगर पालिका नगर के जिम्मेदार जनप्रतिनिधि विद्युत विभाग आपस में बैठकर उक्त सड़क निर्माण कार्य शुरू करने से पहले कार्य शुरू करने की प्लानिंग किए होते तो शायद नगर की आम जनता को यह दिन नही देखना पड़ता।लेकिन आम जनता की समस्याओं से जनप्रतिनिधियों को क्या लेना देना नगर की यह दुर्दशा देखकर ऐसा प्रतीत होता है कि हम सब नगर वासियों का भगवान ही मालिक है।

No comments:

Post a Comment