कोतमा/आमीन वारसी- इस वर्ष बारिश के मौसम में भी बारिश की झड़ी नही लगी है लेकिन अवैध कारोबारियो पर नकेल कसने और माफियाओ ताबड़तोड़ कार्यवाही करने वाले अफसरों के तबादले की झड़ी जरूर लग गई है और जो अवैध कारोबारी माफियाओ के दिन रात तलवे चाट रहे साथ ही अवैध कारोबारियो को संरक्षण देने वाले अफसरों को अभयदान दिया जा रहा है जिससे क्षेत्र में अवैध रेत पत्थर बोल्डर मिट्टी मुरूम का उत्खनन कर परिवहन करने पशु तस्करी करने जैसे गंभीर अपराध दिन प्रति दिन बढ़ते जा रहे है जगह-जगह अवैध कबाड़ दुकान आबाद है इन दिनों तमाम अवैध कारोबारी माफियाओ की बल्ले बल्ले है क्योकि कोतमा थाने में पदस्थ एस आई संजय खालको जैसे ईमानदार अफसर का तबादला कर दिया गया है संजय खालको अपने कार्य के प्रति पूरी ईमानदारी व जिम्मेदारी से अपनी डियूटी को अंजाम देते रहे और न ही क्षेत्र की आम जनता ने संजय खालको जैसे अफसर के विरुद्ध कभी भी कोई शिकायत वगैरह नही की गई ऐसे अफसरों का हमारे क्षेत्र की जनता ने हमेशा सम्मान किया है बल्कि जब एस आई संजय खालको के स्थानांतरण की खबर क्षेत्र की आम जनता को लगी तो स्थानांतरण पर खेद जताते हुए स्थानांतरण रोकने का प्रयास किया गया लेकिन तब तक संजय खालको जैसे अफसर गंदी राजनीति करण का शिकार हो चुके थे स्थानांतरण का मुख्य कारण यह है कि खालको अपराधी प्रवृत्ति के लोग एवं उक्त अपराध को सरंक्षण देने वाले राजनैतिक दलालों को कभी घास नही डालें साथ ही खनन माफियाओ सहित तमाम अवैध कारोबारी पर हमेशा नकेल कसे हुए थे खालको के थाने में पदस्थ रहते हुए अवैध कारोबार पर कुछ हद तक अंकुश लगाके रखें थे क्योकि एस आई खालको किसी भी प्रकार का कोई समझौता नही करते थे और न ही अपराध को बढ़ावा देने वाले नेताओं की सुनते थे अगर आपने अपराध किया है तो सीधे कार्यवाही कर मामला न्यायालय तक भेज देते थे कई बार अवैध कारोबार करने वालों को बिना कार्यवाही किए छोड़ देने का दबाव नेताओं द्वारा बनाया जाता रहा लेकिन खालको किसी की नही सुनते थे बस यही रवैया राजनैतिक दलाल और माफियाओ को हजम नही हो पा रही थी इसलिए राजनैतिक दलालों से सेटिंग करके खालको का अमरकंटक तबादला करा दिया गया जिससे अवैध कारोबार करने में एस आई संजय खालको जैसे अफसर आड़े न आए। कोई बात नही ऐसे अफसर जहाँ भी रहेंगे उस क्षेत्र की जनता का भला ही होगा और निश्चित ही अपराध पर अंकुश लगेगा। एक बात मै भी तबादला कराने वालों को बता देना चाहता हूँ कि मै बढ़ते अपराध पर अंकुश तो नही लगा सकता किसी प्रकार की कोई कार्यवाही भी नही कर सकता लेकिन अपनी लेखनी के माध्यम से समय-समय पर हल्ला जरूर करता रहूँगा क्षेत्र की आम जनता एवं शासन प्रशासन का ध्यान आकर्षित करता रहूँगा कि क्षेत्र में किन लोगों के द्वारा अवैध कारोबार को अंजाम दिया जा रहा और इन अवैध कारोबारियो माफियाओ को कौन नेता सरंक्षण दे रहा है मै किसी कि नही सुनुगा चाहे वो कोई भी हो अगर हिम्मत है तो मेरा तबादला करके दिखा ओ तो जानू। उच्च पुलिस विभागीय अधिकारियों को भी इस तरह के राजनीति करण वाले तबादले पर ध्यान देने की जरूरत है।
Friday, July 19, 2019
जो मेरी नही सुनेगा उसका होगा तबादला
कोतमा/आमीन वारसी- इस वर्ष बारिश के मौसम में भी बारिश की झड़ी नही लगी है लेकिन अवैध कारोबारियो पर नकेल कसने और माफियाओ ताबड़तोड़ कार्यवाही करने वाले अफसरों के तबादले की झड़ी जरूर लग गई है और जो अवैध कारोबारी माफियाओ के दिन रात तलवे चाट रहे साथ ही अवैध कारोबारियो को संरक्षण देने वाले अफसरों को अभयदान दिया जा रहा है जिससे क्षेत्र में अवैध रेत पत्थर बोल्डर मिट्टी मुरूम का उत्खनन कर परिवहन करने पशु तस्करी करने जैसे गंभीर अपराध दिन प्रति दिन बढ़ते जा रहे है जगह-जगह अवैध कबाड़ दुकान आबाद है इन दिनों तमाम अवैध कारोबारी माफियाओ की बल्ले बल्ले है क्योकि कोतमा थाने में पदस्थ एस आई संजय खालको जैसे ईमानदार अफसर का तबादला कर दिया गया है संजय खालको अपने कार्य के प्रति पूरी ईमानदारी व जिम्मेदारी से अपनी डियूटी को अंजाम देते रहे और न ही क्षेत्र की आम जनता ने संजय खालको जैसे अफसर के विरुद्ध कभी भी कोई शिकायत वगैरह नही की गई ऐसे अफसरों का हमारे क्षेत्र की जनता ने हमेशा सम्मान किया है बल्कि जब एस आई संजय खालको के स्थानांतरण की खबर क्षेत्र की आम जनता को लगी तो स्थानांतरण पर खेद जताते हुए स्थानांतरण रोकने का प्रयास किया गया लेकिन तब तक संजय खालको जैसे अफसर गंदी राजनीति करण का शिकार हो चुके थे स्थानांतरण का मुख्य कारण यह है कि खालको अपराधी प्रवृत्ति के लोग एवं उक्त अपराध को सरंक्षण देने वाले राजनैतिक दलालों को कभी घास नही डालें साथ ही खनन माफियाओ सहित तमाम अवैध कारोबारी पर हमेशा नकेल कसे हुए थे खालको के थाने में पदस्थ रहते हुए अवैध कारोबार पर कुछ हद तक अंकुश लगाके रखें थे क्योकि एस आई खालको किसी भी प्रकार का कोई समझौता नही करते थे और न ही अपराध को बढ़ावा देने वाले नेताओं की सुनते थे अगर आपने अपराध किया है तो सीधे कार्यवाही कर मामला न्यायालय तक भेज देते थे कई बार अवैध कारोबार करने वालों को बिना कार्यवाही किए छोड़ देने का दबाव नेताओं द्वारा बनाया जाता रहा लेकिन खालको किसी की नही सुनते थे बस यही रवैया राजनैतिक दलाल और माफियाओ को हजम नही हो पा रही थी इसलिए राजनैतिक दलालों से सेटिंग करके खालको का अमरकंटक तबादला करा दिया गया जिससे अवैध कारोबार करने में एस आई संजय खालको जैसे अफसर आड़े न आए। कोई बात नही ऐसे अफसर जहाँ भी रहेंगे उस क्षेत्र की जनता का भला ही होगा और निश्चित ही अपराध पर अंकुश लगेगा। एक बात मै भी तबादला कराने वालों को बता देना चाहता हूँ कि मै बढ़ते अपराध पर अंकुश तो नही लगा सकता किसी प्रकार की कोई कार्यवाही भी नही कर सकता लेकिन अपनी लेखनी के माध्यम से समय-समय पर हल्ला जरूर करता रहूँगा क्षेत्र की आम जनता एवं शासन प्रशासन का ध्यान आकर्षित करता रहूँगा कि क्षेत्र में किन लोगों के द्वारा अवैध कारोबार को अंजाम दिया जा रहा और इन अवैध कारोबारियो माफियाओ को कौन नेता सरंक्षण दे रहा है मै किसी कि नही सुनुगा चाहे वो कोई भी हो अगर हिम्मत है तो मेरा तबादला करके दिखा ओ तो जानू। उच्च पुलिस विभागीय अधिकारियों को भी इस तरह के राजनीति करण वाले तबादले पर ध्यान देने की जरूरत है।
Subscribe to:
Post Comments (Atom)

No comments:
Post a Comment